- भूस्खलन प्रभावित 12 परिवारों के विस्थापन एवं पुनर्वास हेतु ₹4.25 लाख प्रति परिवार स्वीकृत, सुरक्षित पुनर्स्थापन को मिली गति
- संवेदनशील प्रशासन, सुरक्षित भविष्य : आपदा प्रभावित परिवारों के विस्थापन के साथ सम्मानजनक पुनर्वास सुनिश्चित
पौड़ी : जनपद पौड़ी गढ़वाल में गत वर्ष अत्यधिक वर्षा के कारण उत्पन्न भूस्खलन की घटनाओं से प्रभावित परिवारों के विस्थापन एवं पुनर्वास की दिशा में जिला प्रशासन के प्रयास सफल हुए हैं। शासन स्तर से स्वीकृति प्राप्त होने के उपरांत विकासखंड पाबौ के ग्राम सभा सैंजी एवं बुरांसी तथा विकासखंड पौड़ी के ग्राम रैदुल के कुल 12 प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थान पर विस्थापन एवं पुनर्वास हेतु प्रति परिवार ₹4 लाख 25 हजार की धनराशि आवंटित कर दी गयी है। इससे प्रभावित परिवारों को नए एवं सुरक्षित आवास निर्माण में महत्वपूर्ण सहायता मिलेगी।
उल्लेखनीय है कि आपदा के दौरान ग्राम सभा सैंजी में 07, बुरांसी में 02 तथा रैदुल में 03 आवासीय भवन भूस्खलन की चपेट में आकर क्षतिग्रस्त हो गए थे, जिससे परिवारों के समक्ष सुरक्षित आवास एवं विस्थापन का संकट उत्पन्न हो गया था। आपदा की सूचना प्राप्त होते ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कर स्थिति का विस्तृत जायज़ा लिया तथा ग्रामीणों से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं और अपेक्षाओं को गंभीरता से सुना।
प्रभावित परिवारों द्वारा सुरक्षित स्थान पर स्थायी विस्थापन की मांग रखे जाने पर जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने तत्काल संज्ञान लेते हुए क्षतिग्रस्त क्षेत्र का भूगर्भीय सर्वेक्षण कराया। साथ ही वैकल्पिक सुरक्षित भूमि चिन्हित कर शासन स्तर पर प्रस्ताव प्रेषित किया, जिसके परिणामस्वरूप विस्थापन एवं पुनर्वास हेतु आवश्यक धनराशि स्वीकृत करायी गयी।
इस दौरान केंद्र सरकार के दल द्वारा भी प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर भौगोलिक परिस्थितियों, क्षति की स्थिति एवं पुनर्वास की आवश्यकता का आकलन किया गया। जिला प्रशासन द्वारा तैयार प्रस्ताव को शासन ने पुनर्वास नीति-2021 के अंतर्गत स्वीकृति प्रदान करते हुए आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास मद से धनराशि जारी की।
जिलाधिकारी ने कहा कि आपदा से प्रभावित परिवारों का सुरक्षित विस्थापन एवं सम्मानजनक पुनर्वास जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता रही है। शासन से प्राप्त ₹4.25 लाख प्रति परिवार की सहायता राशि से प्रभावित परिवार सुरक्षित स्थान पर अपने नए आवास का निर्माण कर सकेंगे, जिससे उनके जीवन में स्थिरता एवं सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
इन प्रभावित परिवारों को मिली सहायता राशि
इस सहायता से लाभान्वित परिवारों में ग्राम बुरांसी के जसवंत सिंह एवं केसर सिंह, ग्राम सैंजी के नीलम सिंह, पवन सिंह, भगत सिंह, विमला देवी, गोपाल सिंह, विमल सिंह एवं जसवंत सिंह तथा ग्राम रैदुल के सुखदेव लाल, सुशील कुमार एवं सुरेश कुमार शामिल हैं। जिला प्रशासन की इस पहल से प्रभावित परिवारों को सुरक्षित भविष्य की नयी आशा मिली है तथा यह कार्य आपदा प्रभावितों के प्रति शासन एवं प्रशासन की संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण है।

