उत्तराखण्ड निदेशक पंचायतीराज निधि यादव को मिली भारतीय प्रशासनिक सेवा IAS में पदोन्नति, 2017 बैच हुआ अलॉट by Skgnews June 24, 2025 written by Skgnews June 24, 2025 20 देहरादून : उत्तराखंड की प्रतिभाशाली और समर्पित अधिकारी निधि यादव की भारतीय प्रशासनिक सेवा में पदोन्नत हो गई हैं। निधि यादव को भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) संवर्ग में पदोन्नति मिल गई है। हालांकि पूर्व में ही इन्हें पदोन्नत होना था, लेकिन कुछ लोगों के षड्यंत्र के चलते निधि यादव को IAS कैडर में प्रोविजनल रखा गया था। केंद्र सरकार ने उत्तराखंड राज्य सिविल सेवा की अधिकारी निधि यादव को भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) में पदोन्नत कर दिया है। यह नियुक्ति रिव्यू सिलेक्ट लिस्ट 2021 के तहत की गई है। कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय के अधीन कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) ने इस संबंध में 23 जून, 2025 को अधिसूचना जारी की है। अधिसूचना के मुताबिक, यह नियुक्ति संघ लोक सेवा अधिकरण (CAT), प्रिंसिपल बेंच, नई दिल्ली द्वारा 7 फरवरी 2025 को पारित आदेश की अनुपालना में की गई है। इस मामले में निधि यादव द्वारा दायर याचिका (DA No. 1982/2024) पर सुनवाई हुई थी। आईएएस (भर्ती) नियम, 1954 की धारा 8(1), आईएएस (पदोन्नति द्वारा नियुक्ति) विनियम, 1955 की धारा 9(1) और आईएएस (प्रोबेशन) नियम, 1954 की धारा 3 के तहत राष्ट्रपति ने निधि यादव को भारतीय प्रशासनिक सेवा में प्रोबेशन अवधि पर नियुक्त किया है। साथ ही उन्हें उत्तराखंड कैडर आवंटित किया गया है। अब कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DOPT) ने निधि यादव को पदोन्नत करने के आदेश कर दिए हैं। कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग ने निधि यादव को डीओपीटी ने 2017 बैच आवंटित किया है। उनकी यह उपलब्धि न केवल उनके अथक परिश्रम और लगन का परिणाम है। IAS निधि यादव, जो वर्तमान में निदेशक पंचायतीराज उत्तराखंड हैं, वह अपनी कर्तव्यनिष्ठा, कार्यकुशलता और जनसेवा के प्रति समर्पण के लिए जानी जाती हैं। उन्होंने अपने कार्यकाल में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं को सफलतापूर्वक पूरा किया है, जिससे प्रदेश के विकास में अहम योगदान दिया है। कैट का फैसला बना नजीर, सुप्रीम कोर्ट ने SCC जजमेंट कम्पाईलेशन में भी दिया स्थान निधि यादव बनाम UPSC केस (OA No. 1982/2024) में आया फैसला बहुत लोगों के लिए रोशनी बनेगा। इस प्रकरण को सुप्रीम कोर्ट ने अपनी SCC जजमेंट कम्पाईलेशन में भी स्थान दिया है. जो अपने रूलिंग होता हैं। IAS निधि यादव और UPSC के बीच चल रहे केस (OA No. 1982/2024) पर आया फैसला कई लोगों के लिए एक नई रोशनी की किरण लेकर आया है। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिया गया निर्णय भविष्य में कई ऐसे उम्मीदवारों के लिए मार्गदर्शक साबित होगा। यह मामला इतना महत्वपूर्ण था कि जिसे सुप्रीम कोर्ट ने अपने SCC (Supreme Court Cases) जजमेंट कम्पाईलेशन में भी स्थान दिया है। SCC जजमेंट कम्पाईलेशन में उन महत्वपूर्ण फैसलों को शामिल किया जाता है, जो आगे आने वाले मामलों के लिए एक उदाहरण और नियम के रूप में काम करते हैं। जानकारों का मानना है कि यह फैसला उन उम्मीदवारों के लिए काफी महत्वपूर्ण साबित होगा। कोर्ट द्वारा इसे SCC में शामिल करना इस बात का संकेत है कि यह एक महत्वपूर्ण रूलिंग है और इसका असर आने वाले समय में दिखाई देगा। NIdhi v upsc judgment 0 comment 0 FacebookTwitterPinterestEmail Skgnews previous post आपातकाल की 50वीं वर्षगांठ : उत्तराखंड में लोकतंत्र सेनानियों का सम्मान, मुख्यमंत्री धामी करेंगे संवाद next post उत्तराखंड मौसम अपडेट, पहाड़ से मैदान तक बारिश, इन जिलों के लिए ऑरेंज और येलो अलर्ट related posts धामी, योगी और हिमंता को अमेरिका में निशाना... May 27, 2026 आरटीआई से बड़ा खुलासा- “केदारनाथ-बदरीनाथ” के चढ़ावे से... May 25, 2026 देहरादून को मिला नया नेतृत्व : IAS डॉ.... May 25, 2026 मानकों के विपरित संचालित 103 होमस्टे पर जिला... May 25, 2026 श्री महंत इंदिरेश अस्पताल में बिना निशान वाली... May 25, 2026 नशे से जुड़े मामलों को तार्किक निष्कर्ष तक... May 25, 2026 श्री संपूर्ण देव ट्रस्ट जयपुर ने नगर पंचायत... May 25, 2026 चारधाम यात्रा : उत्तराखंड की वादियों में उमड़ा... May 25, 2026 बदरीनाथ धाम के पास कंचनगंगा क्षेत्र में ग्लेशियर... May 25, 2026 रूद्रनाथ मंदिर में उमड़ा तीर्थयात्रियों का हुजुम May 25, 2026