रुड़की। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के शताब्दी वर्ष के तहत ‘युवा संगम’ कार्यक्रम का आयोजन रविवार, छह सितंबर को रुड़की में किया जाएगा। आनंद स्वरूप आर्य सरस्वती विद्या मंदिर में शाम तीन बजे से कार्यक्रम शुरू होगा, जिसमें 18 से 30 वर्ष आयु वर्ग के युवा पंजीकरण कर प्रतिभाग कर सकेंगे। कार्यक्रम में शारीरिक एवं बौद्धिक खेलों के साथ युवाओं को संबोधित किया जाएगा। आयोजकों ने इसमें करीब 2100 युवाओं की सहभागिता का लक्ष्य रखा है।
खेलों के जरिए दिखेगी युवा ऊर्जा
कार्यक्रम में युवाओं के लिए विभिन्न शारीरिक एवं बौद्धिक खेलों का आयोजन किया जाएगा। इनमें लक्ष्यभेद, रूमाल झपटा, ताला-चाबी, ऊंचीकूद, रस्साकसी, उत्तरकाशी का भूकंप, 15 पत्थर और मेंढक दौड़ सहित अन्य खेल शामिल हैं। कार्यक्रम के संचालन के लिए डॉ. नितिन, अनमोल, सचिन, अमरीश, आशु, सुभाषित, त्रिलक और गोविंद को वाहिनी प्रमुख की जिम्मेदारी दी गई है। इनके साथ गण शिक्षकों की नियुक्ति की गई है, जिन्हें कार्यक्रम से पहले प्रशिक्षण भी दिया गया।
युवाओं को दिया जाएगा बौद्धिक मार्गदर्शन
कार्यक्रम में प्रांत सह प्रचारक चंद्रशेखर युवाओं को बौद्धिक संबोधन देंगे। आयोजन के माध्यम से युवाओं में उत्साह, ऊर्जा और एकता की भावना को बढ़ावा देने पर जोर रहेगा। सहविभाग प्रचारक ललित शंकर ने कहा, “उत्साह, ऊर्जा और एकता, यही युवा शक्ति है।” उन्होंने कहा कि युवाओं की सक्रिय सहभागिता से कार्यक्रम को व्यापक रूप दिया जाएगा।
पंजीकरण कर युवा बन सकेंगे सहभागी
आयोजकों के अनुसार 18 से 30 वर्ष की आयु के युवा पंजीकरण कर कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं। कार्यक्रम शाम तीन बजे से शुरू होकर सामूहिक भोज तक चलेगा। आयोजन में बड़ी संख्या में युवाओं की सहभागिता को लेकर तैयारियां की जा रही हैं।
शताब्दी वर्ष का छठा कार्यक्रम
आरएसएस के शताब्दी वर्ष के अवसर पर आयोजित किए जा रहे कार्यक्रमों की श्रृंखला में ‘युवा संगम’ को छठे कार्यक्रम के रूप में आयोजित किया जा रहा है। आयोजकों का कहना है कि कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को एक मंच पर लाने और विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से सहभागिता का अवसर देने का प्रयास किया जा रहा है।
यह जानकारी जिला प्रचार प्रमुख रुड़की सहदेव सिंह पुंडीर ने दी ।

