देहरादून : नया साल 2026 का आगाज हो चुका है। हिंदू पंचांग के अनुसार, यह वर्ष विविधता और उत्साह से भरे त्योहारों का साक्षी बनेगा। देशभर में मनाए जाने वाले प्रमुख पर्वों से लोगों में धार्मिक उत्साह और सांस्कृतिक एकता का संचार होगा। जनवरी से नवंबर तक फैले इन त्योहारों में मकर संक्रांति से लेकर दिवाली तक कई महत्वपूर्ण अवसर शामिल हैं।
वर्ष के प्रारंभ में मकर संक्रांति और बसंत पंचमी जैसे पर्व सर्दियों के अंत और वसंत के आगमन का प्रतीक होंगे। इसके बाद महाशिवरात्रि, होली और नवरात्रि जैसे उत्सव रंगों और भक्ति का संगम लेकर आएंगे। गर्मियों में रथ यात्रा और गुरु पूर्णिमा, जबकि मानसून में तीज-त्योहार और जन्माष्टमी जैसे पर्व मनाए जाएंगे। शरद ऋतु में नवरात्रि, दशहरा और दिवाली का पांच दिवसीय उत्सव प्रकाश और खुशियों की बहार लाएगा।
वर्ष 2026 के प्रमुख त्योहारों की सूची:
- 13 जनवरी: लोहड़ी
- 14 जनवरी: मकर संक्रांति / पोंगल
- 23 जनवरी: बसंत पंचमी
- 15 फरवरी: महाशिवरात्रि
- 4 मार्च: होली
- 19 मार्च: चैत्र नवरात्रि प्रारंभ
- 26 मार्च: राम नवमी
- 19 अप्रैल: अक्षय तृतीया
- 17 अगस्त: नाग पंचमी
- 28 अगस्त: रक्षाबंधन
- 4 सितंबर: जन्माष्टमी
- 14 सितंबर: गणेश चतुर्थी
- 11 अक्टूबर: शरद नवरात्रि प्रारंभ
- 20 अक्टूबर: दशहरा
- 29 अक्टूबर: करवा चौथ
- 6 नवंबर: धनतेरस
- 8 नवंबर: दिवाली
- 15 नवंबर: छठ पूजा
ये तिथियां पंचांग के अनुसार निर्धारित हैं और क्षेत्रीय परंपराओं में मामूली अंतर संभव है। त्योहारों का यह कैलेंडर परिवारों को अग्रिम तैयारी करने में सहायक होगा, ताकि धार्मिक अनुष्ठान, पूजा-पाठ और उत्सव धूमधाम से मनाए जा सकें।
वर्ष 2026 में ये पर्व न केवल आस्था को मजबूत करेंगे, बल्कि सामाजिक सद्भाव और पारंपरिक मूल्यों को भी बढ़ावा देंगे। सभी को इन त्योहारों की हार्दिक शुभकामनाएं!

